बीमार पति से कैसे निभाए – जाने टिप्स जिससे परेशानियाँ कम होंगी

“दुर्घटना बस या किसी बीमारी के चलते पति चलने-फिरने में अक्षम हो गए हैं तो ऐसे में प्यार व समझदारी से उनका आत्मविश्वास बनाए रखें |”

राधा की शादी को कुछ ही समय हुआ था कि 1 दिन अचानक उसके पति बीमार हो गए और डॉक्टर ने बताया कि उन्हें कैंसर हो गया है जिसका इलाज किया जा सकता है | इलाज तो हुआ, लेकिन उसके बाद उन्हें कई बीमारियां साथ में लग गई | उनकी आंखों की रोशनी धीरे-धीरे चली गई | शरीर में इतनी कमजोरी आ गई कि वह खुद अपने पैरों पर उठकर चलने लायक भी नहीं रहे |

पति को इस स्थिति में देखकर राधा को गहरा सदमा लगा, फिर भी वह चुपचाप सब बर्दाश्त करती गई | यह बात परेशानी का सबब तब बन गई, जब पति का व्यवहार दिनोंदिन चिड़चिड़ा होने लगा | वह बात-बात पर झल्लाते, किसी भी काम जैसे – दवा खाना, नहाना-धोना करने में इतनी आनाकानी करते कि काफी समय उन्हें मनाने में ही निकल जाता | सारा दिन मूड खराब रहता, वह अलग | राधा इन सब परेशानियों से जूझते-जूझते एक दिन इतना थक गई कि डिप्रेशन में चली गई |

ऐसा ही कुछ हुआ था रेशमा के साथ | शादी के कुछ समय बाद ही उसे पता चला कि उसके पति को डिप्रेशन की बीमारी है, जिसके चलते उनका आत्मविश्वास कम हो जाता है और वह महीनों के लिए बिस्तर पकड़ लेते हैं | पहले तो रेशमा यह देख कर घबरा गई, पर फिर उसने ठान लिया कि वह अपने पति को ठीक करके ही रहेगी और एक दिन उसने यह कर भी दिखाया |

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पति को स्नेह की जरूरत

ऐसी बहुत सी महिलाएं हैं जो अपने बीमार पति की लंबी बीमारी के चलते उकता जाती हैं | उनकी हालत यह हो जाती है कि वह ना तो अपने पति को छोड़ सकती हैं और ना ही उन्हें इस स्थिति में देख सकती हैं | लेकिन ऐसे में अगर थोड़ी सी समझदारी से काम लिया जाए तो ना सिर्फ बेवजह के तनाव से बचा जा सकता है, बल्कि पति के जल्दी ठीक होने में भी पत्नी सहयोग कर सकती है | क्योंकि ऐसे समय में उन्हें आपके अलावा प्यार, समझ और देखभाल की जरूरत होती है |

इस बारे में मनोचिकित्सकों का कहना है,  कि कुछ छोटी-छोटी बातों का ख्याल रखना चाहिए – मसलन जब पति बीमारी की वजह से चिड़चिड़ा हो जाए और हर बात पर मीन मेक निकाले, गुस्सा करे तो इस व्यवहार पर तुरंत रिएक्ट ना करें और ना ही उसे बहुत ज्यादा बर्दाश्त करें | क्योंकि दोनों ही स्थितियों में बात बिगड़ सकती है | बर्दाश्त करेंगी तो अंदर ही अंदर आप घुटने लगेंगी और रियेक्ट करेंगी तो झगड़ा हो सकता है | इसलिए तुरंत रियेक्ट करने की बजाय पति को प्यार से बाद में समझाएं कि बेवजह खींझने से क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं |

बीमार व्यक्ति न सिर्फ शारीरिक रुप से कमजोर हो जाता है, बल्कि वह मानसिक रूप से भी टूट जाता है | उसे ऐसे समय में प्यार विश्वास और भावनात्मक लगाव की जरूरत होती है |

वह बीमार है और ज्यादा सोचने समझने की हालत में नहीं है | यह सोच कर उसकी उपेक्षा न करें | बल्कि ऐसी स्थिति में तो वह हर बात को और ज्यादा फील करता है | इसलिए उसे इग्नोर करने के बजाय उसकी जरूरतों को समझें |

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पति को जहाँ तक हो सके बिजी रखें

अगर पति की बीमारी ऐसी है जिसमें उसे हर वक्त तकलीफ नहीं होती – जैसे पैर आदि खराब हो गए हैं या फिर ऐसा कुछ और है, तो आप बिजी रखने के लिए कई तरीके बना सकती हैं | जैसे कि वह TV देख सकता है, म्यूजिक का शौक है तो वह सुन सकता है, सब्जी काट सकता है, बच्चों को पढ़ा सकता है या अपना कोई और शौक पूरा कर सकता है | पेंटिंग बनाने या लिखने का शौक है, तो कुछ आर्टिकल्स लिखे और उसे अपनी अर्निंग का साधन बनाएं |

पति में आत्मविश्वास पैदा करें

बीमारी के चलते अगर पति, हिम्मत हार रहा है और उदास रहता है, तो उसे प्यार से समझाएं | उसमें विश्वास पैदा करें कि वह आज भी चाहे तो सब कुछ कर सकता है | उसे उसके अच्छे दिनों की याद दिलाएं और बताएं कि किस तरह वह अपने काम में हमेशा आगे रहता था | अगर वह अपने अंदर वही हिम्मत और वही जज्बा फिर से पैदा करे तो जो चाहे कर सकता है |

पति को कभी दया का पात्र ना बनाएं

कई बार देखने में आता है, कि बीमार व्यक्ति को लेकर घर की महिलाएं कुछ ज्यादा ही भावुक हो जाती हैं | वह उसे कोई काम नहीं करने देती और उसे बीमार से भी ज्यादा बीमार बना देती हैं | घर पर भी हर वक्त मेहमानों का जमघट लगाए रखना और बार-बार उनका यह कहना कि पहले कितने अच्छे लगते थे और अब क्या हालत हो गई है | सच में बहुत ही बुरा हो गया है, इस तरह की बातें मरीज के विश्वास को और भी कम कर देती हैं | इसलिए लोगों को बार-बार बीमार व्यक्ति से मिलाने के लिए ना लाएं | उससे घर की हर बात छुपाने की भी कोशिश ना करें |

पत्नी किन – किन बातों पर ध्यान दें

  1. पति की बीमारी के चलते खुद जीना न छोड़ें | आपकी जिंदगी को लेकर अपने सपने हो सकते हैं, इसलिए आप उन्हें पूरा करें |
  2. अगर बीमारी के चलते घर में काम ज्यादा हो गया है तो घर के बाकी सदस्यों को भी जिम्मेदारियां बांट दें या फिर मेड आदि का इंतजाम कर ले |
  3. अपनी क्षमता से अधिक काम ना करें, नहीं तो आपको भी बिस्तर पकड़ने में ज्यादा देर नहीं लगेगी |
  4. यदि पति की बीमारी लंबे समय तक चलने वाली है तो हर व्यक्ति से बीमारी का रोना रोने के बजाय अपने जीवन की गाड़ी को सामान्य पटरी पर लाने की कोशिश करें |
  5. बेवजह मेहमानों का जमघट ना लगाए रखें |
  6. अगर पति शराबी या किसी नशे का आदी हो और आपके लाख कहने पर भी आपको छोड़ना न चाहे और तंग करता रहे तो उसके साथ बेवजह पूरी जिंदगी बर्बाद करने से अच्छा है कि उसे उसके हाल पर छोड़ दें |

पति किन बातों पर ध्यान दें

  1. आप बीमार हैं, यह बात सही है लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि आपको सभी लोगों को तंग करने का लाइसेंस मिल गया | आपको भी थोड़ा बर्दाश्त करना सीखना चाहिए |
  2. छोटी-छोटी बातों पर आप अपना आपा ना खोने दें | इससे आपके घर वालों को तकलीफ होगी और उनका काम पहले से ज्यादा बढ़ जाता है |
  3. आप बीमार भले ही हों लेकिन अपनी पत्नी से प्यार के दो बोल बोलने से कुछ नहीं जाता | बल्कि ऐसा करने पर आपकी सेवा करने का उसका उत्साह भी 2 गुना हो जाएगा |
  4. छोटी-छोटी बातों को लेकर जिद पकड़ कर ना बैठ जाएं | क्योंकि इससे आपके घर वालों को बेवजह की तकलीफ होगी |
  5. इस बात को स्वीकार कर लें कि आपको यह बीमारी हो गई है और यह रोग आपको अपने आत्मविश्वास के जरिए ही ठीक करना है | डॉक्टर या फिर घरवाले आपकी मदद तभी कर पाएंगे, जब आप खुद अपनी मदद करेंगे | इसलिए हिम्मत से काम ले और ख़ुद जल्द से जल्द ठीक होने की कोशिश करें |