ओलम्पिक खेलों पर निबंध Essay On Olympic Games And India In Hindi

ओलम्पिक खेलों पर निबंध Essay On Olympic Games And India In Hindi

Essay On Olympic Games And India

ओलम्पिक विश्व का सबसे बड़ा अन्तर्राष्ट्रीय खेल प्रतिस्पर्धा आयोजन है | इसका आयोजन प्रत्येक 4 वर्ष के पश्चात ओलम्पिक आयोजन समिति द्वारा निर्धारित प्रक्रिया से चयनित विश्व के किस देश में किया जाता है |

प्रथम (प्राचीन) ओलम्पिक खेल का आयोजन 776 ई. पूर्व में यूनान (ग्रीक) के ओलम्पिया नामक नगर में हुआ था | इसी स्थान के नाम पर इस खेल आयोजन को ओलम्पिक नाम दिया गया है | 776 ई.पू. में प्रथम ओलम्पिक के आयोजन के बाद 4 वर्ष की अवधि पर ओलम्पिक खेलों का आयोजन होता था, जिसमें हजारों की संख्या में लोग एकत्र होकर खेलों का आनंद लेते थे | उस समय इन आयोजनों में खेलों के अतिरिक्त साहित्य, कला, नाटक, संगीत एंव जिमनास्टिक आदि की स्पर्द्धाएं भी होती थीं | 394 ई.पू. में रोम के तत्कालीन सम्राट थियोडोसिस ने एक राज्यादेश द्वारा इन खेलों के आयोजन पर प्रतिबंध लगा दिया | आयोजन पर प्रतिबंध लगने के कुछ समय बाद एक विनाशकारी भूकंप के कारण ओलम्पिया शहर का अस्तित्व लगभग समाप्त हो गया | और, इसी के साथ ही ओलम्पिक खेलों का आयोजन भी बंद हो गया | 19वीं शताब्दी में ओलम्पिया शहर की खुदाई के बाद ओलम्पिक खेलों के बारे में दुनिया को पता चला एंव इसको पुनः प्रारंभ करने के प्रयास अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर शुरू हुए |

आधुनिक ओलम्पिक खेलों का आयोजन प्रारंभ करने का श्रेय फ़्रांस के विद्वान खेल प्रेमी पियरे डि कुबर्तिन को जाता है | 1894 ई. में उनके प्रयासों से ‘अन्तर्राष्ट्रीय ओलम्पिक समिति’ का गठन किया गया, जिसके प्रथम अध्यक्ष ‘पियरे डि कुबर्तिन’ ही बनाए गए | इसके बाद ओलम्पिक के जन्मदाता देश यूनान की राजधानी एथेंस में 4 अप्रैल 1896 को आधुनिक ओलम्पिक खेलों का प्रथम आयोजन हुआ | तब से प्रत्येक 4 वर्ष पश्चात इसका आयोजन विश्व के विभिन्न स्थानों पर किया जाता रहा है | 1916 ई. में प्रथम विश्वयुद्ध के कारण छठवें ओलम्पिक एंव 1940 तथा 1944 में द्वितीय विश्वयुद्ध के कारण बारहवें एंव तेरहवें ओलम्पिक का आयोजन नहीं किया जा सका | उन्तीसवें ओलम्पिक खेलों का आयोजन चीन की राजधानी बीजिंग में 2008 में किया गया | 30वें ओलम्पिक खेल का आयोजन ब्रिटेन की राजधानी लंदन में 2012 में किया गया | और इकतीसवें ओलम्पिक खेलों का आयोजन ब्राजील की राजधानी रियो डी जेनेरियो में 2016 में किया गया | बत्तीसवें ओलम्पिक खेलों का आयोजन जापान की राजधानी टोकियो में किया जाना प्रस्तावित है |

ओलम्पिक का आदर्श वाक्य है- “अल्टीयस, सिटियस, फोर्टियस” | लैटिन भाषा के इस वाक्य का हिन्दी में अर्थ है- “और तेज, और ऊंचा, और बलशाली” वर्ष 1914 में पियरे डि कुबर्तिन के सुझाव पर ओलम्पिक ध्वज बनाया गया | यह ध्वज सिल्क के सफेद कपड़े का बना होता है, जिस पर आपस में जुड़े नीले, पीले, काले, हरे एंव लाल रंग के पांच छल्ले के रूप में ओलम्पिक चिन्ह मुद्रित होते हैं | ये पांच छल्ले पांच प्रमुख महाद्वीपों- अफ्रीका, अमेरिका, एशिया, ऑस्ट्रेलिया एंव यूरोप को दर्शाते हैं | ओलम्पिक खेलों का एक अपना गान है, जिसे ‘ओलम्पिक गान’ कहा जाता है | 1968 में मेक्सिको ओलम्पिक से ओलम्पिक शुभंकर की परंपरा की भी शुरुआत हुई |

ओलम्पिक खेल प्रारंभ होने से कुछ दिन पहले यूनान के ओलम्पिया गांव के जियस देवता के मंदिर में सूर्य की किरणों से ओलम्पिक मशाल को प्रज्वलित किया जाता है | फिर इसी मशाल से ओलम्पिक आयोजन स्थल की ‘स्टेडियम मशाल’ को प्रज्वलित कर आयोजन प्रारंभ किया जाता है | खेल प्रारंभ होने से पूर्व सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों की ओर से कोई एक प्रतिष्ठित खिलाड़ी ओलम्पिक खेलों के नियमों के अनुरूप, सच्ची खेल-भावना से खेलने की शपथ ग्रहण करता है |

ओलम्पिक खेलों में शामिल होने को भी एक उपलब्धि से कम नहीं आंका जाता | प्राचीन ओलम्पिक आयोजनों में महिलाओं को भाग नहीं लेने दिया जाता था | 1896 में आयोजित प्रथम आधुनिक ओलम्पिक खेलों में भी महिलाओं को शामिल नहीं किया गया था | पेरिस में 1900 ई. में आयोजित दूसरे ओलम्पिक खेलों में पहली बार महिलाओं को भी इसमें शामिल करने का निर्णय किया गया | ओलम्पिक खेलों में किसी भी स्पर्धा में प्रथम, द्वितीय एंव तृतीय स्थान प्राप्त करने वालों को एक प्रमाण-पत्र (सर्टिफिकेट) के साथ क्रमशः स्वर्ण, रजत एवं कांस्य पदक से सम्मानित किया जाता है | चतुर्थ से अष्टम स्थान प्राप्त करने वालों को केवल प्रमाण-पत्र (सर्टिफिकेट) से सम्मानित किया जाता है |

यूँ तो 1900 ई. में पेरिस ओलम्पिक में ब्रिटिश भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए कोलकाता निवासी एक एंग्लो इंडियन नॉमन प्रिचार्ड ने हिस्सा लिया था, किन्तु अधिकृत रूप से सन 1920 से ही भारत ने इसमें हिस्सा लेना शुरू किया | तब से लेकर 2016 तक 26 पदक जीत पाया है |  इनमे से 11 पदक हॉकी में जीते हैं जिनमें से 8 स्वर्ण, 1 रजत एंव 2 कांस्य पदक थे | 1952 ई. में हेलसिंकी ओलम्पिक में के.डी. जाधव ने कांस्य पदक के रूप में किसी व्यक्तिगत स्पर्धा (कुश्ती) में प्रथम ओलम्पिक पदक जीतने का गौरव प्राप्त किया | इसके बाद 1996 में अटलांटा ओलम्पिक में लिएंडर पेस ने टेनिस में एक कांस्य पदक तथा सन 2000 में सिडनी ओलम्पिक में कर्णम मल्लेश्वरी ने भारोत्तोलन में एक कांस्य पदक जीता | सन 2004 में एथेंस ओलंपिक में मेजर राज्यवर्द्धन सिंह राठौर ने निशानेबाजी में एक रजत पदक जीता | 2008 के ओलम्पिक में अभिनव बिन्द्रा ने किसी व्यक्तिगत स्पर्धा में पहली बार भारत के लिए एक स्वर्ण पदक जीतने का गौरव प्राप्त किया | इसी आयोजन में सुशील कुमार ने कुश्ती में एंव विजेंद्र कुमार ने मुक्केबाजी में 1-1 कांस्य पदक प्राप्त किया | 2016 में ब्राजील की राजधानी रियो डी जेनेरियो में होने वाले ओलम्पिक खेलों में बैडमिन्टन खिलाड़ी पी.वि. सिन्धु ने रजत तथा साक्षी मालिक ने रेसलिंग में एक कांस्य पदक जीता |

भारत का अब तक ओलम्पिक खेलों में प्रदर्शन निराशाजनक रहा है | 120 करोड़ से अधिक आबादी वाले एक ऐसे देश, जिसमें युवाओं की संख्या 40 करोड़ से अधिक हो, से कम-से-कम इतनी उम्मीद तो की ही जा सकती है, कि उसका नाम पदक-तालिका में यथासंभव ऊपर हो | किन्तु, खेलों में अनावश्यक राजनीतिक दखल, ग्रामीण प्रतिभाओं की अनदेखी, अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के आधुनिक खेल-सुविधाओं के अभाव इत्यादि कारणों से भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन अब तक in खेलों में आशानुरूप नहीं रहा है | 2020 के टोकियो ओलम्पिक में भारत पदक-तालिका में सम्मानजनक स्थान अवश्य प्राप्त कर पाएगा |