जल्दी हिचकी रोकने के घरेलू उपाय इन हिंदी Treatment Of Hiccups In Hindi

हिचकी आना का उपचार हिंदी में Treatment Of Hiccups In Hindi – Hichki rokne ka tarika 

हिचकी आने की प्रक्रिया को भोजन की पाचन क्रिया की दृष्टि से अच्छा माना जाता है. 1-2 हिचकी आना पाचन क्रिया के लिए गुणकारी हो सकती है, लेकिन जब निरंतर हिचकिया आने लगें तो बहुत हानिकारक हो सकती हैं. निरंतर हिचकियां आने से रोगी बेचैन हो जाता है. These are also scientific reason of hiccups in hindi

हिचकी आना का घरेलू उपाय Home Remedies For Hiccups – Hichki Ke Gharelu Nuskhe

आइये जानते हैं hichki rokne ke gharelu nuskhe hindi –

1. बिजौरे नीबू के 20 ग्राम रस में 6 ग्राम मधु और थोड़ा सा काला नमक मिलाकर हिचकी के रोगी को चटाने पर हिचकियां शीघ्र बंद होती है.

2. मोर के पंखों के ऊपरी चंद्र भाग को किसी मिट्टी के पात्र में भरकर, उसका मुंह बंद करके, आग पर गर्म करके भस्म बना लें. उस भस्म में पीपल का चूर्ण मिलाकर मधु के साथ चाटकर खाने से हिचकियां तुरंत बंद हो जाती है.

3. लहसुन, प्याज या गाजर का रस रोगी को सूंघाने से हिचकियों की विकृति नष्ट हो जाती है. यह भी hichki band karne ka ilaj है |

4. सोंठ, आंवले और पीपल के एक-एक ग्राम चूर्ण को मिलाकर मधु और मिश्री के साथ चटाकर सेवन करने से वात विकार से उत्पन्न हिचकी रोग नष्ट होता है. यह hichki rokne ke gharelu nuskhe में बहुत उपयोगी है |

5. दो रत्ती सेंधा नमक में 8-10 बूंदे जल की मिलाकर, नाक में बूंद-बूंद टपकाने मात्र से हिचकियां बंद हो जाती है. यह भी hichki rokne ka tarika है.

6. Bar bar hichki aana एक समस्या है और इसका इलाज मुलहठी को 3 ग्राम मात्रा में लेकर, उसमें मधु मिलाकर चाटकर खाने से बहुत जल्दी हिचकियों का निवारण हो जाता है.

7. सोंठ और बड़ी हरड़ को बराबर मात्रा में लेकर कूट-पीसकर खूब बारीक चूर्ण बना लें. 3 ग्राम चूर्ण जल के साथ सेवन करने से कुछ देर में हिचकियां बंद हो जाती हैं.

8. यह Hichki Rokne Ka Mantra है जो कि रामबाण है. दालचीनी का एक टुकड़ा मुंह में डालकर, कुछ देर चूसने से थोड़ी देर में हिचकियों की विकृति नष्ट हो जाती है.

9. काली मिर्चों को खूब बारीक पीसकर चूर्ण बना लें. 2 ग्राम चूर्ण में मधु मिलाकर चाटकर सेवन करने से हिचकियों से मुक्ति मिलती है.

10. अकरकरा को कूट-पीसकर खूब बारीक़ चूर्ण बनाकर किसी कपड़े द्वारा छानकर रखें. अकरकरा के 1 ग्राम चूर्ण में मधु मिलाकर चाटकर खाने से हिचकियां शीघ्र नष्ट हो जाती हैं.

11. मुंह में खूब जल भरकर नाक और कान में उंगली डालकर बंद करने की क्रिया से हिचकियां बंद हो जाती हैं.

12. पीपल का चूर्ण और पिसी हुई मिश्री मिलाकर हिचकी के रोगी को सुंघाने से ही हिचकियां बंद हो जाती है.

13. सोंठ को थोड़ा सा कूटकर जल में देर तक उबालकर क्वाथ (काढ़ा) बनाएं. इस क्वाथ को छानकर, उसमें गुड़ मिलाकर नस्य लेने से हिचकियां बंद हो जाती है.

14. अदरक के रस में मिश्री मिलाकर सुंघाने से हिचकियाँ जल्दी बंद हो जाती है.

15. सोंठ, मिश्री, भारंगी और काला नमक, चारों चीजों को कूट पीसकर चूर्ण बनाकर हल्के गर्म जल में मिलाकर पिलाने से हिचकियां बंद हो जाती हैं.

16. चित्रक की छाल और हल्दी मिलाकर धूम्रपान करने से हिचकियां बंद हो जाती है. (केवल धूम्रपान करने वाले ही इसका उपयोग करें.)

17. केले के वृक्ष की जड़ को कूट-पीसकर रस निकालें. 6 ग्राम रस में मिश्री मिलाकर 2-2 घंटे के अंतराल से रोगी को पिलाने से हिचकियों की विकृति नष्ट होती है.

18. काली मिर्च 4 रत्ती, मैनसिल 1 रत्ती मात्रा में लेकर उसमें अदरक का रस 6 माशे मात्रा में मिलाकर धीरे धीरे चाटकर सेवन करने से हिचकियां बंद हो जाती है.

19. 6 ग्राम मधुमेह, और  बहेड़े का 6 ग्राम चूर्ण मिलाकर चाटकर खाने से हिचकियों की विकृति नष्ट हो जाती है.